Sonbhadra News: मारकुंडी में बनेगा 50 एकड़ का औद्योगिक क्षेत्र, युवाओं को मिलेगा रोजगार का नया केंद्र.
सोनभद्र के मारकुंडी में 50 एकड़ में सरदार वल्लभभाई पटेल रोजगार एवं औद्योगिक क्षेत्र विकसित किया जाएगा। जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने बताया कि भूमि चयन कर शासन को प्रस्ताव भेज दिया गया है। यहां स्किल डेवलपमेंट सेंटर, औद्योगिक इकाइयां, उत्पाद आउटलेट और प्लग-एंड-प्ले सुविधाएं विकसित की जाएंगी। युवाओं को आईटी, एआई, रोबोटिक्स, मैन्युफैक्चरिंग सहित आधुनिक क्षेत्रों का प्रशिक्षण देकर रोजगार उपलब्ध कराया जाएग
sonbhadra
6:00 PM, Jul 5, 2026
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मारकुंडी में प्रस्तावित सरदार वल्लभभाई पटेल रोजगार एवं औद्योगिक क्षेत्र की जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने दी जानकारी।
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Story By: विकास कुमार हलचल, ब्यूरो सोनभद्र।
सोनभद्र।
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में औद्योगिक विकास को गति देने की दिशा में सोनभद्र को एक और बड़ी सौगात मिलने जा रही है। जिले के मारकुंडी क्षेत्र में 50 एकड़ भूमि पर सरदार वल्लभभाई पटेल रोजगार एवं औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने की तैयारी शुरू हो गई है। जिला प्रशासन ने इसके लिए भूमि का चयन कर प्रस्ताव शासन को भेज दिया है। इस परियोजना का उद्देश्य स्थानीय युवाओं को विश्वस्तरीय कौशल प्रशिक्षण, रोजगार और स्वरोजगार के अवसर एक ही स्थान पर उपलब्ध कराना है, ताकि रोजगार के लिए उनका पलायन रोका जा सके। जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने बताया कि शासन से स्वीकृति मिलते ही परियोजना पर युद्ध स्तर पर कार्य शुरू किया जाएगा। प्रस्तावित औद्योगिक क्षेत्र में आधुनिक स्किल डेवलपमेंट सेंटर, औद्योगिक इकाइयां, उत्पादों के आउटलेट और हरित वातावरण विकसित किया जाएगा। यहां उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप युवाओं को आईटी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), रोबोटिक्स, मैन्युफैक्चरिंग, इलेक्ट्रॉनिक्स, ऑटोमोबाइल, ऊर्जा, लॉजिस्टिक्स और हॉस्पिटैलिटी जैसे आधुनिक क्षेत्रों में प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद उन्हें इसी औद्योगिक क्षेत्र में रोजगार उपलब्ध कराने की योजना है। उन्होंने बताया कि यह परियोजना स्थानीय एमएसएमई, स्टार्टअप और नए उद्योगों को भी बढ़ावा देगी। इससे जिले में निवेश बढ़ेगा, नए उद्योग स्थापित होंगे और आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी। साथ ही सोनभद्र की पहचान केवल ऊर्जा उत्पादन तक सीमित न रहकर एक औद्योगिक और कौशल विकास केंद्र के रूप में भी स्थापित होगी। जिलाधिकारी ने बताया कि औद्योगिक क्षेत्र को प्लग-एंड-प्ले इंफ्रास्ट्रक्चर के आधार पर विकसित किया जाएगा। यहां बिजली, पानी, सड़क, सीवरेज, इंटरनेट सहित सभी आवश्यक सुविधाएं पहले से उपलब्ध होंगी। उद्यमियों के लिए तैयार फैक्ट्री शेड भी बनाए जाएंगे, जिससे वे मशीनें स्थापित कर तुरंत उत्पादन शुरू कर सकें। इससे उद्योग लगाने की प्रक्रिया तेज और आसान होगी। परियोजना को बेहतर कनेक्टिविटी देने के लिए गुरमा मोड़ से औद्योगिक क्षेत्र तक 15.99 करोड़ रुपये की लागत से नई सड़क का निर्माण भी कराया जाएगा। इससे कच्चे माल और तैयार उत्पादों के परिवहन में आसानी होगी, ट्रांसपोर्ट लागत कम होगी और उद्योगों की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता बढ़ेगी। जिला प्रशासन का मानना है कि यह महत्वाकांक्षी परियोजना सोनभद्र को पूर्वांचल और विंध्य क्षेत्र के प्रमुख औद्योगिक, कौशल विकास और रोजगार केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी। इससे हजारों स्थानीय युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर मिलेंगे तथा जिले के समग्र आर्थिक विकास को नई गति प्राप्त होगी।
