Chandauli News: हिस्ट्रीशीटर विकास सिंह को जमानत, बम विस्फोट मामले में खुद को बता रहा निर्दोष, पुराने आपराधिक रिकॉर्ड से उठे सवाल.
"बड़ा सवाल यह है कि वर्ष 2017 से लेकर 2025 तक दर्ज हुए आधा दर्जन से अधिक आपराधिक मुकदमे क्या सभी राजनीतिक साजिश के तहत ही दर्ज हुए थे? वाराणसी के चोलापुर और चंदौली के बलुआ थाने में दर्ज गंभीर मामले क्या ये सभी झूठे या राजनितिक साजिश के तहत दर्ज कराये गए हैं?
chandauli
8:48 PM, Apr 15, 2026
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आरोपी अंकित सिंह और हिस्ट्री सीटर विकास सिंह कि फोटो
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Story By: पूर्वांचल भास्कर डेस्क.
चंदौली। बलुआ थाना क्षेत्र के मोहरगंज में किन्नर खुशबू के घर हुए बम विस्फोट मामले में मुख्य आरोपी और इनामी हिस्ट्रीशीटर विकास सिंह को करीब ढाई महीने बाद जमानत मिल गई है। जमानत पर बाहर आते ही विकास सिंह ने मीडिया में खुद को निर्दोष बताते हुए पूरे मामले को साजिश करार दिया है और अंकित सिंह पर राजनीतिक दबाव में फंसाने का आरोप लगाया है। हालांकि उसके इस बयान के बाद उसके पुराने आपराधिक इतिहास को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं।
आपको बता दें करीब तीन माह पूर्व मोहरगंज इलाके में किन्नर खुशबू के घर हुए विस्फोट में जिलेटिन रॉड और बारूद का इस्तेमाल किया गया था, जिससे इलाके में दहशत फैल गई थी। इस मामले में पुलिस ने विकास सिंह को मुख्य आरोपी मानते हुए कार्रवाई की थी। अब जमानत पर छूटने के बाद विकास सिंह का खुद को निर्दोष बताना और पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाना चर्चा का विषय बना हुआ है।
विकास सिंह का आपराधिक इतिहास भी काफी लंबा रहा है। वर्ष 2017 में बलुआ थाने में उसके खिलाफ चोरी, झगड़ा, मारपीट और धमकी देने का मुकदमा दर्ज हुआ था। इसके बाद 2020 में फिर मारपीट और धमकी का मामला सामने आया। वर्ष 2022 में डराने-धमकाने, गाली-गलौज, मारपीट और दंगा जैसे गंभीर आरोपों में मुकदमा दर्ज हुआ। 2023 में वाराणसी के चोलापुर थाने में भी उसके खिलाफ मारपीट, तोड़फोड़ और धमकी देने का मामला दर्ज किया गया। इतना ही नहीं, वर्ष 2024 में बलुआ थाने में उसके खिलाफ हथियार के साथ लूट/डकैती और जान से मारने के प्रयास का गंभीर मुकदमा दर्ज हुआ। वर्ष 2025 में गैंग बनाकर अवैध तरीके से धन अर्जित करने के आरोप में उस पर गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। इसी वर्ष खतरनाक हथियार से हमला करने, बिना लाइसेंस हथियार रखने और चलाने जैसे मामलों में भी मुकदमे दर्ज हुए। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार विकास सिंह बलुआ थाना क्षेत्र का टॉप-टेन हिस्ट्रीशीटर बदमाश भी है।
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पूर्व में उसका पिस्टल लेकर एक लड़की के साथ डांस करने का वीडियो भी वायरल हुआ था, जिस पर बलुआ थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था। ऐसे में लगातार दर्ज हो रहे आपराधिक मामलों के बावजूद खुद को निर्दोष बताने पर सवाल उठ रहे हैं। जमानत पर छूटने के बाद विकास सिंह ने यह भी दावा किया कि वह पुलिस अधीक्षक से मिला है और उसे न्याय पर पूरा भरोसा है, साथ ही उसने अपनी सुरक्षा की मांग भी की है। वहीं उसने तत्कालीन बलुआ थाना प्रभारी अतुल कुमार प्रजापति पर भी फंसाने का आरोप लगाया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि इस तरह के हिस्ट्रीशीटर अपराधी मीडिया के माध्यम से खुद को निर्दोष बताकर सुरक्षा की मांग करने लगेंगे, तो आम जनता का कानून और पुलिस व्यवस्था से भरोसा कमजोर हो सकता है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है।
