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मुख्य खबरें/न्यूज़/chandauli news the atmosphere of panic among the villagers once again due to the fast growing ganga water level

Chandauli News: तेजी से बढ़ रहे गंगा के जलस्तर से एक बार फिर ग्रामीणों में दहशत का माहौल.

"बढ़ते जलस्तर को लेकर बचे खेतों में लगी फसलें पानी के कारण बर्बाद हो जाने के चलते किसानों की रोजी-रोटी पर भी संकट मंडराने लगा है। बाढ़ से घिरे गांव के लोग रात भर जागकर गुजर-बसर करने को विवश हो रहे हैं. तटवर्तीय घाट के किनारे झुग्गी झोपड़ी में रहने वाले लोगों को विशैले जीव-जंतुओं का खतरा एक बार फिर बढ़ गया।"

chandauli

9:16 PM, Sep 7, 2025

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Chandauli News: तेजी से बढ़ रहे गंगा के जलस्तर से एक बार फिर ग्रामीणों में दहशत का माहौल.
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गंगा के बढ़ते जलस्तर में डूबा बलुआ घाट.

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Story By: पूर्वांचल भास्कर डेस्क.

चंदौली। बलुआ गंगा का जलस्तर एक बार फिर तेजी से बढ़ रहा है। रात्रि से अब तक चार फीट गंगा का जलस्तर बढ़ा है, जिससे गंगा किनारे एवं तटवर्ती गांवों के लोगों में खौफ व दुश्वारियां बढ़ने के साथ ही दहशत के साए एक बार फिर मंडराने लगे हैं। कांवर से लेकर नादी निधौरा तक तीसरी बार गंगा के जलस्तर उफान पर है। गंगा के जलस्तर में बढ़ोतरी होने से तटवर्ती गांवों के किसानों व ग्रामीणों में दहशत के साथ ही उनमें खौफ भी बनना शुरू हो गया है।

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पूर्व में बाढ़ आने के दौरान पुराविजयी, पुरागनेश, चकरा, नादी, पकड़ी गांवों में चारों तरफ पानी लगने से लोगों को आवागमन करने के दौरान संपर्क मार्गों पर पानी लगा हुआ था, जिसके चलते लोगों को काफी दिक्कतें उठानी पड़ी थीं।गगां तटवर्ती गांव भुपौली, डेरवा, महड़ौरा, कांवर, पकड़ी, महुअरिया, विशुपुर, महुआरी खास, सराय, बलुआ, डेरवाकला, महुअर कला, हरधन जुड़ा, गंगापुर, पुराबिजयी, पुरागणेन, चकरा, हरधनजुड़ा, सोनबरसा, टांडाकला, महमदपुर, सरौली, तीरगावा, हसनपुर, बड़गांवा, नादी निधौरा, सहेपुर, मुकुंदपुर, नौदर आदि गंगा के किनारे व तटवर्ती गांवों के खेतों में किसानों द्वारा बोये गये हजारों एकड़ फसल, सब्जियां, ज्वार, बाजरा, अरहर, मूंग एवं धान की रोपी गई फसलें और पशुओं का हरा चारा पानी में डूब जाने से किसानों व पशुपालकों को पशुओं के भोजन व चारे के लिए भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ा।

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गंगा किनारे व तटवर्तीय घाट के किनारे झुग्गी झोपड़ी में रहने वाले लोगों को विशैले जीव-जंतुओं का खतरा पुनः एक बार फिर बढ़ गया। बढ़ते जलस्तर को लेकर सेंस बचे खेतों में लगी फसलें पानी के कारण बर्बाद हो जाने के चलते किसानों की रोजी-रोटी पर भी संकट मंडराने लगा है। बाढ़ से घिरे गांव के लोग रात भर जागकर गुजर-बसर करने को विवश हो रहे हैं, जिसके चलते लोगों में गंगा के बढ़ते जलस्तर को लेकर दहशत व भय बनी हुई है।


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