Sonbhadra News: चेक डैम में मिले 35 मगरमच्छ के बच्चे, वन विभाग ने सोन नदी में छोड़ा.
घोरावल के सेमिया गांव के छितीरपुरवा चेक डैम में रविवार को करीब 35 मगरमच्छ के बच्चे और पांच अंडे मिले। सूचना पर वन विभाग की टीम और पीआरवी पुलिस मौके पर पहुंची। स्थानीय मल्लाहों के सहयोग से मगरमच्छ के बच्चों को सुरक्षित पकड़कर सोन नदी में छोड़ दिया गया। वन क्षेत्राधिकारी अवधेश कुमार सिंह ने बताया कि प्रजनन के दौरान मादा मगरमच्छ ने चेक डैम में अंडे दिए होंगे, जिनसे बच्चे निकलकर पानी में आ गए।
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8:10 PM, Jun 28, 2026
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चेक डैम में मिले मगरमच्छ के बच्चों और अंडों का वन विभाग ने सुरक्षित रेस्क्यू किया।
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Story By: विकास कुमार हलचल, ब्यूरो सोनभद्र।
सोनभद्र।
घोरावल क्षेत्र के जुगैल वन रेंज अंतर्गत सेमिया गांव के छितीरपुरवा टोला स्थित चेक डैम में रविवार को करीब 35 मगरमच्छ के छोटे-छोटे बच्चे मिलने से ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। मौके पर पांच मगरमच्छ के अंडे भी पाए गए। हालांकि क्षेत्र में कोई वयस्क नर या मादा मगरमच्छ दिखाई नहीं दिया। सूचना मिलने पर वन विभाग और पीआरवी पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और स्थानीय मल्लाहों के सहयोग से सभी मगरमच्छ के बच्चों का सुरक्षित रेस्क्यू कर उन्हें सोन नदी में छोड़ दिया। जानकारी के अनुसार, छितीरपुरवा स्थित चेक डैम में इस समय पानी कम है। रविवार सुबह ग्रामीणों ने पानी में दो छोटे मगरमच्छ के बच्चों को देखा। जब वे पास पहुंचे तो वहां बड़ी संख्या में और भी बच्चे दिखाई दिए।
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यह खबर पूरे गांव में फैल गई, जिसके बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर एकत्र हो गए। सूचना पर वन दारोगा अविनाश सिंह, वन्यजीव रक्षक सौरभ उपाध्याय तथा पीआरवी पुलिस टीम मौके पर पहुंची। स्थानीय मल्लाह वीरेंद्र साहनी, टिम्मल और अन्य लोगों के सहयोग से वनकर्मियों ने सभी मगरमच्छ के बच्चों को सावधानीपूर्वक बोरियों में एकत्र किया और उन्हें सुरक्षित रूप से पास स्थित सोन नदी में छोड़ दिया। जुगैल वन रेंज के वन क्षेत्राधिकारी अवधेश कुमार सिंह ने बताया कि चेक डैम में लगभग 35 मगरमच्छ के बच्चे और पांच अंडे मिले हैं। उनका अनुमान है कि प्रजनन काल के दौरान नर और मादा मगरमच्छ चेक डैम तक पहुंचे होंगे, जहां मादा ने अंडे दिए। निर्धारित समय पूरा होने पर अंडों से बच्चे निकलकर पानी में आ गए। उन्होंने बताया कि बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए उन्हें उनके प्राकृतिक आवास सोन नदी में छोड़ दिया गया। वन विभाग ने ग्रामीणों से अपील की है कि यदि भविष्य में वन्यजीव दिखाई दें तो स्वयं उन्हें पकड़ने का प्रयास न करें और तत्काल विभाग को सूचना दें।
