Sonbhadra News: 54 करोड़ की सड़क में मजदूरी बकाया, गिट्टियों से राहगीर परेशान.
बभनी में असनहर मोड़ से छत्तीसगढ़ सीमा तक 14 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण धीमी गति से चल रहा है। स्थानीय मजदूरों ने भुगतान नहीं मिलने का आरोप लगाया है, जबकि सड़क पर बिखरी गिट्टियों और धूल से राहगीर व स्कूली बच्चे परेशान हैं। डीएम की कार्रवाई के बाद भी काम में तेजी नहीं आने पर ग्रामीणों ने सड़क निर्माण जल्द पूरा कराने की मांग की है।
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3:15 PM, Oct 26, 2026
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असनहर मोड़ से छत्तीसगढ़ सीमा तक निर्माणाधीन सड़क पर बिखरी गिट्टियां, धीमे निर्माण से राहगीरों को आवागमन में परेशानी।
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Story By: चंद्रशेखर पाण्डेय, बभनी।
असनहर मोड़ से छत्तीसगढ़ सीमा तक 14 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण धीमी गति से चल रहा है। 54 करोड़ रुपये की लागत से बन रही इस सड़क पर स्थानीय मजदूरों ने मजदूरी का भुगतान नहीं होने का आरोप लगाया है। वहीं, सड़क पर बिखरी गिट्टियों और धूल से राहगीरों तथा स्कूली बच्चों को परेशानी हो रही है। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से हस्तक्षेप कर निर्माण कार्य जल्द पूरा कराने की मांग की है। ग्रामीणों के अनुसार, सड़क निर्माण कार्य जून माह में शुरू हुआ था और इसे एक वर्ष के भीतर पूरा किया जाना है। करीब पांच-छह महीने बीतने के बाद भी निर्माण की प्रगति संतोषजनक नहीं है। मजदूरों का आरोप है कि कई दिनों की मजदूरी बकाया होने के कारण उन्होंने काम बंद कर दिया है। डुमरहर गांव के अजय, विजय, राम प्रसाद, छोटेलाल और सुभाष चंद्र समेत अन्य मजदूरों ने बताया कि भुगतान मांगने पर ठेकेदार आनाकानी करता है। आरोप है कि स्थानीय मजदूरों को हटाकर बाहर से श्रमिक बुलाए जा रहे हैं। निर्माण में देरी को लेकर करीब एक पखवाड़े पहले जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने नाराजगी जताते हुए चार अवर अभियंताओं का वेतन रोकने और कार्यदायी संस्था पर 20 लाख रुपये का जुर्माना लगाने की कार्रवाई की थी। इसके बावजूद ग्रामीणों का कहना है कि कार्य में अपेक्षित तेजी नहीं आई है। ग्रामीणों का आरोप है कि सड़क पर गिट्टियां बिछाने के बाद पर्याप्त पानी का छिड़काव और रोलिंग नहीं कराई गई। इससे धूल उड़ती रहती है और वाहनों के गुजरने पर गिट्टियां छिटकती हैं। दोपहिया वाहन चालकों के फिसलने तथा स्कूली बच्चों के चोटिल होने का खतरा बना रहता है। सोन कुंवर ने नियमित पानी का छिड़काव कराने की मांग की। राम दयाल ने बताया कि राशन लेने जाने में भी परेशानी होती है। हीरा रतन ने निर्माण की धीमी गति पर चिंता जताई, जबकि विनोद ने मजदूरी भुगतान नहीं होने से स्थानीय लोगों को रोजगार का लाभ न मिलने की बात कही। लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता शिव कुमार सिंह ने कहा कि कार्यदायी संस्था से बात कर मजदूरों की बकाया मजदूरी का भुगतान कराने तथा निर्माण कार्य में तेजी लाकर सड़क को निर्धारित मानकों के अनुरूप पूरा कराने के निर्देश दिए जाएंगे।



