Sonbhadra News: असम राज्यपाल ने सोनभद्र में किया सम्मान समारोह का उद्घाटन, आदिवासियों का सम्मान लौटा, उनके सपने हो रहे पूरे.
असम के राज्यपाल लक्ष्मण आचार्य ने सोनभद्र के पटना शिव मंदिर परिसर में आयोजित नीलांबर-पीतांबर स्मृति सम्मान समारोह को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने आदिवासी स्वतंत्रता सेनानियों को नमन किया और कई विकास परियोजनाओं का लोकार्पण किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में लोगों ने राज्यपाल का स्वागत और सम्मान किया।
sonbhadra
9:21 PM, Nov 13, 2025
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'बिरसा मुंडा अमर रहें, नीलांबर-पीतांबर अमर रहें' के जयघोष के साथ अपने संबोधन की शुरुआत राज्यपाल ने की।
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Story By: विकास कुमार हलचल, ब्यूरों सोनभद्र।
सोनभद्र।
असम के राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य ने मंगलवार को सोनभद्र के पटना (सिल्थम) स्थित शिव मंदिर में नीलांबर-पीतांबर खरवार स्मृति सम्मान समारोह का उद्घाटन किया। जनजाति गौरव दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित इस कार्यक्रम में राज्यपाल ने कहा कि वर्तमान शासन में आदिवासियों का सम्मान लौटा है और उनके स्वतंत्रता के सपने पूरे हो रहे हैं। रॉबर्ट्सगंज विधानसभा क्षेत्र के पटना शिव मंदिर में जनसमूह को संबोधित करते हुए राज्यपाल आचार्य ने 'बिरसा मुंडा अमर रहें, नीलांबर-पीतांबर अमर रहें' के जयघोष के साथ अपने संबोधन की शुरुआत की।
उन्होंने बताया कि बिरसा मुंडा, नीलांबर-पीतांबर सहित तमाम जनजातीय क्रांतिकारियों ने देश की आजादी का जो सपना देखा था, वह आज साकार हो रहा है। आचार्य ने इस दिन को गौरव का दिन बताया और आदिवासियों की धरती पर ऐसे समारोह के आयोजन को महत्वपूर्ण करार दिया। उन्होंने देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता के लिए एकजुट रहने की आवश्यकता पर बल दिया। राज्यपाल ने उपस्थित जन समुदाय से उन ताकतों से सावधान रहने का आग्रह किया जो देश को कमजोर करने की साजिश रचती हैं, यह कहते हुए कि हमारी एकता ही राष्ट्र की एकता है।
इस अवसर पर सदर विधायक भूपेश चौबे और शारदा खरवार ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। समारोह में एक दर्जन से अधिक आदिवासी समूह के लोगों को सम्मानित किया गया, जिन्होंने अपने-अपने क्षेत्र में विशिष्ट कार्य किए हैं। कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व विधायक घमंडी खरवार की पत्नी कलावती खरवार ने की, जबकि इसका संयोजन मुन्ना धागर द्वारा किया गया। अनुसूचित जाति जनजाति आयोग के उपाध्यक्ष जीत सिंह खरवार ने अभिनंदन पत्र पढ़ा।
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भारतीय जनता पार्टी काशी क्षेत्र के पूर्व उपाध्यक्ष रमेश मिश्रा सहित अन्य गणमान्य लोगों ने राज्यपाल का सम्मान और स्वागत किया। इससे पूर्व, राज्यपाल ने सिलथम गांव में स्थित आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों हरिवंश धांगर और विशुन धांगर स्मृति द्वार का लोकार्पण किया। इस स्मृति द्वार का निर्माण विधायक निधि से कराया गया है। इसी तरह, रामगढ़ बाजार में स्थित कालिदास शिक्षण संस्थान परिसर तक ग्राम पंचायत द्वारा बनवाए गए इंटरलॉकिंग संपर्क मार्ग का लोकार्पण भी राज्यपाल द्वारा किया गया।
सर्किट हाउस से चलने के बाद, जिला मुख्यालय से लेकर पटना तक जगह-जगह नागरिकों और विद्यालय के बच्चों द्वारा माल्यार्पण कर तथा 'वंदे मातरम' के जयघोष के साथ राज्यपाल का भव्य स्वागत किया गया। रामगढ़ कस्बा में स्थित अपने छोटे भाई के शीतल आचार्य के आवास पर भी राज्यपाल का आगमन हुआ जहां क्षेत्र के तमाम गणमान्य लोगों ने उनका स्वागत किया।
इस मौके पर पूर्व के कई पुराने संघ व भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने राज्यपाल को बुके देकर स्वागत किया। दोपहर का भोजन राज्यपाल लक्ष्मण आचार्य द्वारा अपने भाई के अवसपर किया गया।
सुरक्षा की दृष्टि से जिला मुख्यालय से लेकर पटना तक जगह-जगह पुलिस व खुफिया तंत्र के लोग तैनात रहे सुबह से ही जिलाधिकारी बद्री नाथ सिंह, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट उत्कर्ष द्विवेदी पुलिस क्षेत्राधिकार रणधीर मिश्रा समेत कई आला अधिकारी कार्यक्रम स्थल का जायजा लेते रहे। इस अवसर पर शिव मंदिर पटना (सिल्थम) परिसर में महामहिम राज्यपाल द्वारा पौध रोपण किया गया और रोपित वृक्षों के संरक्षण के प्रति जनमानस को संदेश दिए।



