Sonbhadra News: एक लाख फलदार पौधों से किसानों के चेहरे खिले, किसानों से संरक्षण की अपील.
सेवाकुंज आश्रम कारीडांड चपकी में गुरुवार को किसानों को एक लाख फलदार पौधों का वितरण किया गया। आरएसएस के सह सरकार्यवाह डॉ. कृष्ण गोपाल ने अपने हाथों से किसानों को आम, अमरूद, महुआ, नींबू, जामुन, बेल, सहजन और आंवला के पौधे वितरित किए। उन्होंने किसानों से पौधों की सुरक्षा और नियमित देखभाल की अपील की।
sonbhadra
4:23 PM, Aug 13, 2026
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अतिथि गृह के उद्घाटन अवसर पर पूजा-अर्चना करते अतिथिगण।
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Story By: चंद्रशेखर पाण्डेय, बभनी।
सोनभद्र।
अखिल भारतीय बनवासी कल्याण आश्रम द्वारा संचालित सेवा समपर्ण संस्थान सेवाकुंज आश्रम कारीडांड चपकी में वृहस्पतिवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह सरकार्यवाह डा कृष्ण गोपाल ने क्षेत्र के हजारों किसानों को फलदार वृक्ष अपने हाथों वितरण किए। फलदार वृक्षों को पाकर किसानों के चेहरे खिल उठे। सह सरकार्यवाह ने सभी किसानों को वृक्षों का सुरक्षा करने की अपील किया। वृहस्पतिवार को सेवा समपर्ण संस्थान सेवाकुंज आश्रम कारीडांड चपकी में किसानों को फलदार वृक्षों का वितरण किया गया। क्षेत्रीय जनजाति संपर्क प्रमुख हरीश जी ने बताया कि क्षेत्र के किसानों में एक लाख फलदार पौधा वितरण किया गया है। इसमें आम, अमरूद,महुआ, नींबू, जामुन, बेल सहजन और आंवला का पौधा वितरण किया गया। आर एस एस के सह सरकार्यवाह डा कृष्ण गोपाल ने अपने हाथों से किसानों को पौध वितरण कर उनके सुरक्षा और देखभाल करने की भी अपील किया।
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इस मौके पर मनीराम पाल, राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री भगवान सहाय, पूर्व सांसद रामसकल, क्षेत्र प्रचारक, अनिल जी, विभाग प्रचारक उपेंद्र जी, उप जिलाधिकारी अशोक कुमार गुप्ता, श्रवण कुमार, ओपी गोयल डीएफओ कमल कुमार और एस डी ओ अखिलेश पटेल रेंजर बभनी प्रेम प्रकाश चौबे,डिप्टी रेंजर अभिषेक गुप्ता आदि लोग मौजूद रहे। बच्चों को संस्कार और शिक्षा से देश को मिलेगा मजबूती: सह सरकार्यवाह डा कृष्ण गोपाल जी कार्यक्रम की शुरुआत से पहले ही विरसा मुंडा सरस्वती विद्या मंदिर के बच्चों से प्रार्थना सभा में सामिल हुए और बच्चों से मुलाकात भी किया और उन्होंने बच्चों को बताया कि शिक्षा के माध्यम से ही स्वयं को मजबूत किया जा सकता है। इस दौरान प्रधानाचार्य राजेश कुमार सहित अन्य शिक्षको से भी मुलाकात किया गया और उन्हें बच्चों को नियमित संस्कार और शिक्षा कार्यशाला से जोडने को कहा।



