Sonbhadra News: झिल्ली महुआ निवासी दंपती को मिला न्याय, बीमा कंपनी ने दिए 10 लाख रुपये.
स्थायी लोक अदालत के हस्तक्षेप से झिल्ली महुआ निवासी दंपती सुरसतिया और रामलखन को बीमा कंपनी से 10 लाख रुपये की राशि मिली। सड़क हादसे में बेटे की मौत के बाद बीमा भुगतान को लेकर दंपती ने 24 अप्रैल 2025 को स्थायी लोक अदालत में मुकदमा दाखिल किया था। सुलह-समझौते के आधार पर दोनों को पांच-पांच लाख रुपये के चेक देकर मामले का निस्तारण किया गया।
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4:16 PM, Sep 11, 2026
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स्थायी लोक अदालत के हस्तक्षेप से बीमा राशि के चेक प्राप्त करते झिल्ली महुआ निवासी दंपती सुरसतिया व रामलखन, साथ में मौजूद अधिकारी एवं अधिवक्ता।
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Story By: अनुज जायसवाल।
सोनभद्र।
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राबर्ट्सगंज कचहरी परिसर स्थित एडीआर भवन में संचालित स्थायी लोक अदालत के हस्तक्षेप से झिल्ली महुआ निवासी दंपती को करीब डेढ़ वर्ष बाद न्याय मिला। सुलह-समझौते के आधार पर बीमा कंपनी ने सुरसतिया और रामलखन को कुल 10 लाख रुपये की धनराशि के चेक प्रदान किए। बभनी थाना क्षेत्र के झिल्ली महुआ, पोस्ट नधिरा निवासी सुरसतिया और रामलखन के बेटे रामनरेश की 10 सितंबर 2020 को सड़क दुर्घटना में मौत हो गई थी। रामनरेश ने एसबीआई जनरल इंश्योरेंस कंपनी से 10 लाख रुपये का पर्सनल एक्सीडेंट बीमा कराया था, जिसकी वैधता 12 जून 2020 से 11 जून 2021 तक थी। दंपती के अनुसार, दुर्घटना के बाद बीमा कंपनी को सभी आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध कराते हुए बीमा राशि का भुगतान करने की मांग की गई थी।शुरुआत में कंपनी की ओर से भुगतान का आश्वासन दिया गया, लेकिन बाद में राशि देने से इनकार कर दिया गया। इसके बाद दंपती ने 24 अप्रैल 2025 को स्थायी लोक अदालत में मुकदमा दाखिल कर न्याय की गुहार लगाई। मामले में स्थायी लोक अदालत के हस्तक्षेप के बाद बीमा कंपनी और वादी पक्ष के बीच सुलह-समझौता हुआ। इसके आधार पर मामले का निस्तारण करते हुए स्थायी लोक अदालत के अध्यक्ष नरेंद्र बहादुर प्रसाद ने सुरसतिया और रामलखन को पांच-पांच लाख रुपये के चेक प्रदान किए। इस तरह दंपती को कुल 10 लाख रुपये की बीमा राशि प्राप्त हुई। स्थायी लोक अदालत के अध्यक्ष नरेंद्र बहादुर प्रसाद ने बताया कि यहां जनोपयोगी सेवाओं से संबंधित मामलों की सुनवाई की जाती है। इनमें बिजली, पानी, अस्पताल, परिवहन, बीमा, शिक्षा, डाक और नगर पालिका आदि से जुड़े मामले शामिल हैं। इन मामलों को बिना किसी कोर्ट फीस के सुना जाता है। स्थायी लोक अदालत के सदस्य नीरज सिंह ने कहा कि सुलह-समझौते के आधार पर मामलों का त्वरित निस्तारण किया जाता है। उन्होंने जिले के लोगों से स्थायी लोक अदालत की सुविधा का लाभ उठाने की अपील की। इस मौके पर सदस्य आशीष मिश्रा, अधिवक्ता अमित वर्मा, जमुना सहित अन्य लोग मौजूद रहे।



