Sonbhadra News: पुलिस ने लुटेरी दुल्हन गैंग का किया भंडाफोड़, नकली दुल्हन समेत मां-पति गिरफ्तार, जेवर-नकदी बरामद.
सोनभद्र पुलिस ने फर्जी शादी कर ठगी करने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ किया है। इस मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से 9500 रुपये नकद, एक सोने का मंगलसूत्र, एक जोड़ी चांदी की पायल और शादी के समय पहना गया लाल जोड़ा बरामद किया गया है, वारदात में शामिल दो अन्य आरोपी अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है।
sonbhadra
8:43 PM, Nov 6, 2025
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पुलिस के हत्थे चढ़ा फर्ज़ी शादी करने वाला गिरोह।
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Story By: विकास कुमार हलचल, ब्यूरों सोनभद्र।
सोनभद्र।
पुलिस ने एक 'लुटेरी दुल्हन गैंग' का पर्दाफाश करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह गिरोह नकली शादी कर दूल्हे और उसके परिवार को लूटता था। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में रानी कुमारी (लगभग 23 वर्ष), उसकी मां माया देवी (लगभग 50 वर्ष) और पति रवि रंजन मौर्या (लगभग 26 वर्ष) शामिल हैं। पुलिस ने इनके कब्जे से 9500 रुपये नकद, एक सोने का मंगलसूत्र, एक जोड़ी चांदी की पायल और शादी के समय पहना गया लाल जोड़ा बरामद किया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक (ऑपरेशन) त्रिभुवननाथ त्रिपाठी और क्षेत्राधिकारी दुद्धी राजेश कुमार राय के पर्यवेक्षण में की गई। म्योरपुर थानाध्यक्ष कमलनयन दूबे के नेतृत्व में पुलिस टीम ने इस गिरोह का भंडाफोड़ किया। मामले का खुलासा राजस्थान के जालोर निवासी रमेश कुमार की शिकायत के बाद हुआ। रमेश ने आईजीआरएस पोर्टल के माध्यम से शिकायत दर्ज कराई थी, जिसके आधार पर थाना म्योरपुर में मु0अ0सं0 143/25 के तहत विभिन्न धाराओं में अभियोग पंजीकृत किया गया। विवेचना के दौरान साक्ष्यों और पीड़ित के बयान के आधार पर कई अन्य धाराएं भी बढ़ाई गईं। पुलिस टीम ने 06 नवंबर 2025 को रानी कुमारी, माया देवी और रवि रंजन मौर्या को गिरफ्तार किया। सभी आरोपी सोनभद्र जिले के म्योरपुर और विण्ढमगंज थाना क्षेत्रों के निवासी हैं। पूछताछ में गिरफ्तार अभियुक्तों ने बताया कि वे एक संगठित गिरोह के रूप में काम करते हैं। गिरोह का सदस्य कृष्णा मौर्या अपने साथियों के माध्यम से शादी के लिए वर पक्ष से संपर्क करता था और उनसे मोटी रकम वसूलता था। इसके बाद नकली शादी कर दुल्हन बनी रानी, वर के सामान और जेवरात लूट लेती थी। वह पीड़ितों को डरा-धमका कर भगा देती थी। गिरोह के सदस्य यह भी जानते थे कि अधिकांश पीड़ित दूर राज्यों से आने वाले होते हैं, जो संकोच या दूरी के कारण शिकायत दर्ज नहीं करा पाते। इसी का फायदा उठाकर यह गिरोह आसानी से बच निकलता था। अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि उन्होंने 29 अक्टूबर 2025 को भी इसी तरह की वारदात की थी और लूटे गए जेवर बेचने के लिए रॉबर्ट्सगंज जा रहे थे। लूट की रकम लगभग ₹1.5 लाख थी, जिसमें से अधिकांश पैसा कृष्णा मौर्या के पास है। गिरोह का मुख्य सरगना कृष्णा मौर्या और रानी की मां माया देवी हैं। रानी पूर्व से शादीशुदा महिला है और रवि रंजन की पत्नी है। इनके पूर्व में किए गए अन्य अपराधों की जानकारी एकत्र की जा रही है।
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पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा ने बताया कि म्योरपुर थाना पुलिस को आईजीआरएस के माध्यम से एक शिकायत मिली थी। शिकायतकर्ता रमेश कुमार ने बताया कि वह राजस्थान का रहने वाला है। 29 अक्टूबर 2025 को उसकी शादी सोनभद्र में रानी कुमारी पुत्री राजेंद्र प्रसाद घसिया के साथ हुई थी। शादी के बाद जब दूल्हा और दुल्हन राजस्थान वापस जा रहे थे, तो रास्ते में ही दुल्हन ने मारपीट कर रमेश कुमार से पैसे और गहने छीन लिए और फरार हो गई। इस घटना की जानकारी मिलते ही म्योरपुर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस ने इस मामले में तीन व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। इनमें 23 वर्षीय रानी कुमारी (फर्जी दुल्हन), 50 वर्षीय माया देवी (दुल्हन की मां) और 26 वर्षीय रवि रंजन मौर्या शामिल हैं। रवि रंजन मौर्या फर्जी दुल्हन का पति है और शादी के समय लड़की का भाई बनकर गया था। तीनों आरोपियों ने मिलकर यह शादी संपन्न कराई थी। पूछताछ में अभियुक्तों ने स्वीकार किया है कि वे पहले भी इस तरह की वारदातें कर चुके हैं। वे नकली शादी से मिले जेवर बेच देते थे। इस शादी से मिले लगभग डेढ़ लाख रुपये के जेवर भी उन्होंने बेच दिए थे।
इस नकली शादी की वारदात में शामिल कृष्ण कुमार मौर्या और राजू माली अभी वांछित हैं। पुलिस ने बताया कि ये सभी पांच आरोपी एक संगठित गिरोह बनाकर फर्जी शादियां करते हैं और शादी में मिलने वाले धन और गहनों को लेकर फरार हो जाते हैं।
