Sonbhadra News: प्रॉपर्टी डीलर हत्याकांड का खुलासा, तीन आरोपी गिरफ्तार.
घोरावल थाना क्षेत्र में हुए प्रॉपर्टी डीलर हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। 22 मार्च की रात हत्या कर शव को मिर्जापुर के सिरसी डैम में फेंका गया था। 27 मार्च को दर्ज मुकदमे के बाद पुलिस ने जांच तेज की और 1 अप्रैल को मुखबिर की सूचना पर खुटहा बाईपास से चन्द्रशेखर मौर्य, साहब लाल मौर्य व लीलावती को पकड़ लिया। ने सभी को न्यायालय भेज दिया है।
sonbhadra
4:13 PM, Apr 1, 2026
Share:


एएसपी अनिल कुमार ने हत्याकांड का किया खुलासा, चालक की सूचना से खुली हत्याकांड की गुत्थी।
Daily ख़बरों के लिए फ़ॉलो करें
Story By: विकास कुमार हलचल, ब्यूरों सोनभद्र।
सोनभद्र।
जनपद के घोरावल थाना क्षेत्र में हुए चर्चित प्रॉपर्टी डीलर हत्याकांड का पुलिस ने सफल अनावरण करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इस कार्रवाई को पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है। पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार के पर्यवेक्षण तथा क्षेत्राधिकारी राहुल पाण्डेय के नेतृत्व में घोरावल पुलिस ने यह कार्रवाई की। प्राप्त जानकारी के अनुसार, 27 मार्च 2026 को घासी मौर्या निवासी चंदौली की तहरीर पर संबंधित प्रकरण में मुकदमा पंजीकृत किया गया था। शिकायत में बताया गया था कि उनके भाई कुंवर मौर्य की 22 मार्च की रात हत्या कर शव को मिर्जापुर जनपद स्थित सिरसी डैम में फेंक दिया गया था। पुलिस द्वारा पूर्व में ही शव बरामद कर आवश्यक विधिक कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस टीम लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी हुई थी। इसी क्रम में 1 अप्रैल 2026 को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने खुटहा बाईपास तिराहा पर घेराबंदी कर चन्द्रशेखर मौर्य उर्फ मखंचू, साहब लाल मौर्य तथा उसकी पत्नी लीलावती को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से पांच मोबाइल फोन एवं कुल 2450 रुपये नकद बरामद किए गए। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में प्रस्तुत कर आगे की विधिक कार्रवाई प्रारंभ कर दी है।
विज्ञापन
मामले का खुलासा करते हुए अपर पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार ने बताया कि 27 मार्च 2026 को रोहित रमन नामक व्यक्ति, जो पेशे से चालक है और सकलडीहा (चंदौली) का निवासी है, थाना घोरावल पर उपस्थित हुआ और एक सनसनीखेज घटना की सूचना दी। उसने बताया कि वह 22 मार्च 2026 को अपने मालिक कुंवर मौर्य के साथ घोरावल क्षेत्र के नौगढ़वा गांव गया था, जहां मृतक की रिश्तेदारी थी। दोनों ने वहीं भोजन किया, जिसके बाद कुंवर मौर्य घर के अंदर सो गए, जबकि चालक बाहर गाड़ी में सो रहा था। चालक के अनुसार, देर रात चन्द्रशेखर मौर्य, साहब लाल मौर्य और लीलावती ने उसे जगाया और बताया कि उन्होंने उसके मालिक की हत्या कर दी है तथा शव को ठिकाने लगाना है। भयभीत चालक से कार की डिग्गी खुलवाई गई, जिसमें शव रखा गया और बाद में मिर्जापुर जनपद के सिरसी डैम (थाना संतनगर) ले जाकर पत्थर से बांधकर फेंक दिया गया। सूचना मिलते ही थाना घोरावल पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
चालक की निशानदेही पर अगले दिन सुबह शव बरामद कर लिया गया। इसके बाद पुलिस टीम लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी रही। 1 अप्रैल 2026 को खुटहा बाईपास के पास से तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया, जब वे भागने की फिराक में थे। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि मृतक कुंवर मौर्य उनका रिश्तेदार था और लीलावती के साथ उसके अवैध संबंध थे। आरोप है कि मृतक ने लीलावती की बेटी की शादी तुड़वाकर अपने बेटे से कराई, लेकिन उसे साथ नहीं रखा और उसकी जमीन बेचकर पूरा पैसा अपने पास रख लिया। साथ ही महिला और उसकी बेटी के प्रति गलत नजर रखने के आरोप भी सामने आए। एडिशनल एसपी अनिल कुमार ने बताया जब एक व्यक्ति से कोई आदमी जुड़ा हुआ है तो ठीक है लेकिन जब बच्चों के साथ वही उसी तरीके का घिनौना काम कोई करता है तो आदमी के अंदर आक्रोश आता है और आना स्वभावीक भी है। इसके अलावा पैसों के लेन-देन को लेकर भी विवाद था। इन सभी कारणों से आक्रोशित होकर तीनों आरोपियों ने 22 मार्च की रात योजना बनाकर कुंवर मौर्य को खाना और शराब देने के बाद सोते समय गला दबाकर हत्या कर दी और शव को डैम में फेंक दिया। पुलिस ने स्पष्ट किया कि चालक रोहित रमन की इस घटना में कोई संलिप्तता नहीं है और उसे गवाह बनाया गया है। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
